संक्रमण रोकने के लिए लाकडाउन ही था अंतिम विकल्प

विष्णुदेव मंडल, INN/Chennai, @Infodeaofficial
कोरोना महामारी का संक्रमण रोकने के लिए तमिलनाडु सरकार ने आगामी 30 जून तक चेन्नई महानगर समेत कांचीपुरम, तिरुवलूर और चैंगलपेट जिले को भी पूर्ण लॉकडाउन फिर से लगा दिया है!
तमिलनाडु सरकार के स्वास्थ्य विभाग के आंतरिक रिपोर्ट के अनुसार चेन्नई में जिस प्रकार कोविड-19 मरीजों की संख्या बढ़ रही है उसे रोकने के लिए पूर्ण लॉकडाउन करना बहुत ही जरूरी है।
स्वास्थ्य विभाग के आंतरिक रिपोर्ट के अनुसार जिस गति से चेन्नई में कोरोना पॉजिटिव मरीजों की संख्या बढ़ रही है उससे इस बात का संकेत मिल रही है कि आगामी 23 जुलाई तक कोरोना पॉजिटिव मरीजों की संख्या दो लाख के आंकड़े को पार कर जाएगी।
चेन्नई में पिछले कुछ दिनों से हर दिन हजारों की संख्या में कोरोना पॉजिटिव मरीज बढ़ रहे हैं। जून महीने में सरकार ने लॉक डाउन में थोड़ी ढील दी जिससे लोगों की थप पड़ी आमदनी शुरू तो हुई पर कोरोना के बढ़ते मामलों ने इसपर एक बार फिर से कोमा लगा दिया। तमिलनाडु सरकार द्वारा लॉक डाउन की घोषणा होने से हजारों की संख्या में लोग फिर से बेरोजगार हो गए।
चाय दुकानदार, फुटपाथ पर ठेले लगाने वाले और ऑटो चालकों में फिर से निराशा छाने लगी है वही अलग-अलग व्यवसाय से जुड़े लोगों को भी उनके जीवका पर संकट उत्पन्न होने लगा है।

नतीजतन चेन्नई में हर दिन भारी संख्या में कोरोना पॉजिटिव मरीज मिल रहे हैं सरकार ने आगामी 12 दिनों तक लॉक डाउन इंसानी जिंदगी को बचाने के लिए किया है। एक बार अर्थव्यवस्था गिरकर फिर से उठ सकता है लेकिन इंसान जिंदगी चली गयी तो उसे दुबारा नहीं लाया जा सकता। ऋषभ जैन, बिजनेसमैन

सोशल डिस्टेंसिंग का पालन नहीं करना मास्क लगाकर नहीं चलना यही महामारी को बढ़ने का प्रमुख कारक है।
चेन्नई में कोरोना पॉजिटिव मरीजों की संख्या जिस हिसाब से बढ़ रही है ऐसी स्थिति में सरकार के पास लॉकडाउन के अल्वा दूसरा कोई विकल्प नहीं था। चेन्नई वासियों को सरकार द्वारा लगाए इस लॉक डाउन का समर्थन करना चाहिए और अनावश्यक घर से बाहर नहीं निकलने चाहिए। जेपी तिवारी, ट्रांसपोर्टर, माधवरम

बाजारों में सोशल डिस्टेंसिंग का पालन बिल्कुल नहीं हुआ, नतीजतन महानगर में हर दिन कोरोना पॉजिटिव मरीजों की संख्या हजारों में आ रही हैं।
अस्पतालों में बेड नहीं है, लोगों का स्वास्थ्य जांच समय पर नहीं हो पा रहा है। ऐसे में कोरोना संक्रमण के चेन को तोड़ने के लिए लॉकडाउन ही एक विकल्प बचा हुआ था। अमितजैन, व्यवसायी, पूझल

