डीएमके अपने मूल उद्देश्य से भटक चुका है: दुरैसामी

आईआईएन/चेन्नई, @Infodeaofficial
डीएमके अपने मूल उद्देश्य से भटक गया है और मेरे लिए पार्टी के साथ काम कर पाना सहज नहीं हो पा रहा था। यही कारण है कि मैंने डीएमके का साथ छोड़ दिया। यह कहना है दुरैसामी का जो डीएमके पार्टी के पूर्व उप महा सचिव रह चुके हैं।
गुरुवार को इन्हें पार्टी के मुखिया, एम के स्टालिन ने इस पद से हटाकर राज्यसभा सदस्य अन्थियुर सेल्वराज को इस पद पर बैठा दिया|
शुक्रवार को वीपी दुरैसामी ने चेन्नई स्थित भाजपा कार्यालय में प्रदेश अध्यक्ष ऐल मुरुगन के समक्ष भाजपा की अध्यक्षत्ता ग्रहण की। इस मौके पर भाजपा के वरिष्ठ नेता ला गणेशन समेत पार्टी के कई वरिष्ठ नेता भी मौजूद थे।
इसके बाद मीडिया को सम्बोधित करते हुए उन्होंने कहा कि द्रमुक ने हमें सिखाया है कि भाजपा कुलीन वर्ग के लिए है। डीएमके जाती व्यवस्था आधारित राजनीति करती है।
द्रमुक पार्टी कहती है की वह दलितों के लिए काम करती है लेकिन कभी भी पार्टी में दलितों को कभी भी पार्टी में उच्च स्थान नहीं दिया गया।
हमारे देश का भविष्य प्रधानमंत्री, नरेंद्र मोदी के सुरक्षित हाथों में है। देश को नरेंद्र मोदी जैसे विकाश पुरुष की जरुरत है। हमें उनका साथ देना चाहिए। इसलिए मैंने भाजपा की सदस्यता ग्रहण की है।
गौरतलब हो कि वर्ष 1995 में दुरैसामी ने डीएमके का साथ छोड़ एआईएडीएमके में शामिल हुए थे और राज्य सभा के सदस्य बने। वर्ष 2005 में वह वापस डीएमके में शामिल हो गए।

