संस्कृत एक मृतप्राय भाषा है: वाइको

विष्णु शर्मा, आईआईएन/चेन्नई, @Svs037 

संस्कृत एक मृतप्राय भाषा है। यह कहना है एमडीएमके नेता वाइको का। रविवार को उन्होंने बारहवीं कक्षा की किताब जिसमें लिखा है कि संस्कृत तमिल भाषा से ज्यादा पुरानी है उस पर चेन्नई एयरपोर्ट पर पत्रकारों के सवाल का जवाब देते हुए उन्होंने कहा मैं यह हजार बार कहूंगा कि संस्कृत एक मृतप्राय भाषा है।

मैं शिक्षा मंत्री के.ए. सेंगोट्टयन की प्रशंसा करूंगा कि उन्होंने टेक्स्ट बुक से इस गलती को हटाने का आश्वासन दिया है। किताब में लिखा है कि तमिल 300 बीसी के पहले की भाषा है जबकि संस्कृत 2000 बीसी पुरानी। उन्होंने यह भी मांग की है कि इस गलती के दोषी को खोजकर उसके खिलाफ सख्त कार्रवाई की जानी चाहिए।

इससे पहले डीएमके प्रमुख एम.के. स्टालिन ने भी पुस्तक की इस गलती की कड़ी भत्र्सना करते हुए किताब से इस गलती को सही करने की मांग की थी। सेंगोट्टयन ने रविवार को एक ट्वीट कर यह बताया कि कम समय में सिलेबस में बदलाव की वजह से कुछ गलतियां रह गई हैं, जिनको जल्द ही दूर कर लिया जाएगा।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *